Ad Code

Responsive Advertisement

समझें ,नयी शिक्षा नीति सरलता से...

 नयी शिक्षा नीति 

भारतीय शिक्षा व्यवस्था में बड़े लम्बे समय बाद बदलाव किया गया है..वर्ष 1986 से चली आ रही शिक्षा नीति को 2020 से बदला जा रहा है ..

इस व्यवस्था में लगभग हर पहलु को ध्यान में रखा गया है ..तेजी से परिवर्तित हो रहे समय में आवश्यक है कि शिक्षा व्यवस्था को उसी के अनुरूप रखा जाय...जिससे इस बदलते दौर के साथ युवा सामंजस्य बिठा सकें..और आगे बढ़ सकें..

भाषा बोलियों में हमारी सांस्कृतिक विरासत निहित होती है ...और इस नवीन शिक्षा नीति में ये एक खास बात है जिससे हमारी लुप्त हो रही क्षेत्रीय बोलियों को भी जीवन मिलेगा ..और सांस्कृतिक धरोहर सुरक्षित रहेगी ...

विषयों का चयन अब नौंवी से ही किया जा सकेगा..अभी तक  हम सबको यह दसवीं के बाद मिलता था ..

दसवीं की परीक्षा तो होगी..लेकिन बोर्ड की परीक्षा वाले डर के बिना..मतलब अब दसवीं बोर्ड ख़त्म ..

और अब होगी अपनी ग्यारहवीं और बारहवीं की परीक्षा सेमेस्टर पैटर्न में..मतलब अब एक कक्षा दो भागों में.. 

नयी शिक्षा नीति को..आइये सरल ढंग से एक बार पूरी शिक्षा नीति को समझते हैं...

5+3+3+4 पैटर्न

उम्र 4 वर्ष से क्रमशः 18 वर्ष तक

5 वर्ष आधार शिक्षा - 

Nursery

Junior KG

Senior KG

Standard 1st

Standard 2nd

3 वर्ष का Priparatory

Standard 3rd

Standard 4th

Standard 5th

3 वर्ष का पूर्व माध्यमिक (middle) 

Standard 6th

Standard 7th

Standard 8th

4 वर्ष का माध्यमिक (secondary) 

Standard 9th

Standard 10th

Standard 11th

Standard 12th

।।ये तो हुआ स्कूल टीम।।। 

कुछ बदलाव उच्च शिक्षा में।। 

कॉलेज डिग्री तीन वर्ष और चार वर्ष की होगी। 

पहले वर्ष में सर्टिफिकेट, दूसरे वर्ष में डिप्लोमा और तीसरे वर्ष में डिग्री मिलेगी। 

जिन्हे आगे की शिक्षा लेनी है उन्हें चार वर्ष करना होगा। 

मास्टर डिग्री चार वर्ष में मिल सकेगी।। 

यह नियम मेडिकल की पढाई को छोड़कर है। 

एम फिल (M.Phil.) बंद होगा।। 

तो ये थी नयी शिक्षा नीति के विषय में प्रमुख बातें।। 

आशा है आपको जानकारी समझ आयी होगी।। 

जुड़े रहें।। 






Reactions

Post a Comment

0 Comments